सजा सुनते ही कोर्ट से चकमा देकर मुजरिम हो गया था फरार, 24 घंटे में पुलिस ने किया गिरफ्तार
कोर्ट से फरार हुए मजरिम को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, जिसके बाद पुलिस ने राहत की सांस ली है
रुड़की। हरिद्वार जिले की रुड़की कोर्ट से फरार हुआ दोषी आखिरकार पुलिस के हत्थे चढ़ ही गया है। दरअसल नीरज गोस्वामी नामक दोषी कोर्ट से सजा सुनाए जाने के बाद फरार हो गया था और पुलिस उसकी सरगर्मी से तलाश कर रही थी। एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल ने कोर्ट मोहर्रिर को निलंबित कर दिया है।
गौरतलब है कि गंगनहर कोतवाली पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर रुड़की कोर्ट परिसर से फरार हुए दोषी को गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि कोर्ट परिसर से चकमा देकर भागे नीरज गोस्वामी, निवासी ग्राम रहमतपुर थाना पिरान कलियर की फरारी से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था। उधर, मामले की गंभीरता को देखते हुए हरिद्वार एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल के निर्देश पर फरारी की गिरफ्तारी के लिए विशेष पुलिस टीमों का गठन किया गया था। साथ ही लापरवाही बरतने वाली कोर्ट मोहर्रिर महिला कांस्टेबल को एसएसपी हरिद्वार द्वारा तत्काल एक्शन लेते हुए निलंबित कर दिया गया था।
वहीं गठित की गई पुलिस टीमों द्वारा संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी गई, जिसके बाद पुलिस टीम ने तकनीकी सर्विलांस और मुखबिर तंत्र की मदद से आरोपी की लोकेशन ट्रेस करते हुए आखिरकार उसे रुड़की रेलवे स्टेशन से दबोच लिया गया, जिसके बाद पुलिस ने राहत की सांस ली। एसएसपी हरिद्वार प्रमेंद्र डोबाल ने बताया कि कोर्ट से फरार दोषी को रुड़की के रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार कर लिया गया है, आरोपी को पुनः न्यायालय में पेश किया जाएगा। बता दें कि नीरज गोस्वामी धारा 138 NI ACT में पेशी पर न्यायालय में मौजूद था। बताया गया है कि नीरज गोस्वामी पर लंबे समय से रुड़की कोर्ट में वाद चल रहा था, जिसमें 16 जनवरी शुक्रवार के दिन अदालत में सजा का ऐलान होना था।
सुनवाई के दौरान अदालत ने नीरज गोस्वामी को एक साल के कारावास की सजा सुनाई और उसे पुलिस अभिरक्षा में दे दिया गया। लेकिन कुछ देर बाद ही नीरज गोस्वामी कोर्ट मुहर्रिर की कस्टडी से फरार हो गया था। वहीं घटना की सूचना मिलते ही न्यायालय परिसर में अफरा-तफरी मच गई। उधर दूसरी ओर फरार हुए दोषी की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में भी हड़कंप मच गया था। जिसके बाद पुलिस ने फरारी को पकड़ने के लिए तलाशी अभियान शुरू किया। वहीं इस घटना ने कोर्ट की सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे।
वहीं रुड़की कोर्ट से सजा होने के बाद फरार हुए दोषी मामले में हरिद्वार एसएसपी ने कड़ा रुख अपनाते हुए कोर्ट मोहर्रिर को निलंबित कर दिया है. दरअसल फरारी मामले में कोर्ट मोहर्रिर की अभिरक्षा से आरोपी के फरार होने के तथ्य सामने आए हैं।

