देहरादून दिव्यांशु मर्डर केस, गाना बजाने को लेकर हुआ था दोनों गुटों में विवाद, पहले भी हुई थी मारपीट
देहरादून। शहर के थाना प्रेमनगर क्षेत्र के अंतर्गत 23 मार्च की रात छात्रों के दो गुटों के बीच हुई लड़ाई में एक छात्र की मौत हो गई थी। घटना में 15 छात्रों के खिलाफ मुकदमा दर्ज समेत तीन छात्रों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। अब इस घटना के कारणों की जानकारी सामने आई है। सामने आया कि दो गुटों के वर्चस्व की लड़ाई पश्चिमी उत्तर प्रदेश और बिहार के गाने चलाने से शुरू हुई थी। यह विवाद करीब महीने पहले शुरू हुआ था।
जानकारी के अनुसार, उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर निवासी 22 वर्षीय दिव्यांशु प्रेम नगर स्थित एक निजी विश्वविद्यालय से बीटेक द्वितीय वर्ष की पढ़ाई कर रहा था। वह अपने दोस्तों के साथ पौंधा स्थित हॉस्टल में रहता था। यह विवाद दो महीने पहले शुरू हुआ था, जब दिव्यांशु के दोस्तों ने विश्वविद्यालय के गेट के सामने कार में ‘छोरा जट्टा’ गाना बजा दिया था। बिहार निवासी आरोपी छात्रों के गुट ने इसे चुनौती के रूप में लिया। इस बात को लेकर कई बार दोनों गुटों में मारपीट भी हुई। दो महीने पहले गाने से उपजे विवाद के बाद दूसरे गुट के छात्र दिव्यांशु की रेकी कर रहे थे। 23 मार्च (सोमवार) रात जब दिव्यांशु प्रेम नगर बाजार में खाना खाने गया तो आरोपी छात्र भी वहां पहुंच गए।
दूसरे गुट के छात्रों ने दिव्यांशु को धमकाना शुरू कर दिया। जिसका दिव्यांशु ने विरोध किया। इसके बाद दूसरे गुट के छात्रों ने दिव्यांशु पर हमला कर दिया। दिव्यांशु को 15 आरोपी छात्रों ने बाजार में लाठी डंडों से बुरी तरह पीटा और मौके से फरार हो गए। उसके बाद एक दंपति ने गंभीर रूप से घायल दिव्यांशु को अस्पताल पहुंचाया, लेकिन इलाज के दौरान दिव्यांशु की मौत हो गई।
जानकारी में सामने आया कि, आरोपी छात्रों के गुट ने 15 दिन पहले दिव्यांशु गुट के एक छात्र के साथ कॉलेज के बाहर मारपीट की थी। इसमें उसके कपड़े फाड़ दिए थे। इसके करीब तीन दिन बाद फिर से आरोपी छात्रों ने उसी छात्र के साथ मारपीट करते हुए बाइक छीन ली थी और क्षतिग्रस्त कर जंगल में फेंक दी थी। वहीं अन्य छात्रों से जानकारी मिली कि आरोपी गुट छात्रों ने खुद की पहचान बिहार डिफाल्टर के रूप में बनाई थी। गुट में अधिकतर बिहार के छात्र ही थे। लेकिन उनका संरक्षण पाने के लिए अन्य जगह के छात्र भी उनके साथ रहते थे। घटना में विश्वविद्यालय के छात्रों के साथ कुछ बाहर के लोग भी हैं। एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल ने मामले पर बताया कि, घटना से संबंधित 3 आरोपी छात्रों की गिरफ्तारी की जा चुकी है। जबकि अन्य की तलाश जारी है। एसएसपी ने कहा कि, अब शिक्षण संस्थानों में गुटबाजी करने वाले छात्र चिह्नित किए जाएंगे।

