उत्तराखंड में कुट्टू के आटे से बना पकवान खाने से 11 लोगों की बिगड़ी तबीयत, 6 की हालत गंभीर
उत्तराखंड के रुद्रपुर में कुट्टू का आटा बना जानलेवा, 11 लोगों को पहुंचाया अस्पताल, लोगों के बीमार पड़ने पर जागा खाद्य सुरक्षा विभाग
रुद्रपुर। उधम सिंह नगर जिले के रुद्रपुर में कुट्टू के आटे से बने भोजन को खाने के बाद 11 लोगों की तबीयत बिगड़ने का मामला सामने आया है। जिससे खाद्य सुरक्षा विभाग हड़कंप मच गया। फूड पॉइजनिंग की आशंका के बीच खाद्य सुरक्षा विभाग ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। दुकानों से सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं और कई दुकानों को बंद कराया गया है।
रुद्रपुर में कुट्टू के आटे से बना भोजन खाने के बाद 11 लोग फूड पॉइजनिंग का शिकार हो गए। घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग और खाद्य सुरक्षा विभाग दोनों ही अलर्ट मोड में आ गए हैं। बताया जा रहा है कि सभी प्रभावित लोगों ने कुट्टू के आटे से बनी चीजें खाई थीं, जिसके कुछ ही समय बाद उन्हें उल्टी, दस्त और पेट दर्द जैसी समस्याएं होने लगीं।

हालत बिगड़ने पर सभी को आनन-फानन में रुद्रपुर जिला अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों के मुताबिक, 5 मरीजों को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। जबकि, 6 लोगों की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें अस्पताल में भर्ती कर इलाज किया जा रहा है। एक मरीज ने बताया कि खाना खाने के कुछ ही देर बाद उसे और उसकी मां व बहन को तेज उल्टी के साथ पेट दर्द शुरू हो गया। स्थिति बिगड़ने पर उन्हें तत्काल अस्पताल लाया गया। रुद्रपुर जिला अस्पताल के फिजिशियन डॉ. एमके तिवारी ने बताया है कि सभी मरीजों का इलाज किया जा रहा है और उनकी स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। प्रारंभिक जांच में दूषित कुट्टू के आटे से फूड पॉइजनिंग की आशंका है।
उधर, घटना के बाद खाद्य सुरक्षा विभाग ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उन दुकानों पर छापेमारी शुरू कर दी, जहां से पीड़ितों ने कुट्टू का आटा खरीदा था। विभाग की टीम ने सुभाष कॉलोनी, मुख्य बाजार और रम्पुरा क्षेत्र की कई किराना दुकानों से कुट्टू का आटा व मूंगफली के दानों के सैंपल लिए हैं। इन सैंपलों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिया गया है।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी ललित मोहन पांडेय ने कहा है कि पहले ही खुले में कुट्टू का आटा बेचने पर रोक लगाई गई थी, लेकिन इसके बावजूद कई दुकानदार नियमों का उल्लंघन कर रहे थे। ऐसे दुकानदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। कुछ दुकानों को बंद कराया गया है और दोषी पाए जाने पर मुकदमा भी दर्ज किया जाएगा।
वहीं प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे खुले में बिकने वाले खाद्य पदार्थों को खरीदने से बचें और केवल पैक्ड एवं प्रमाणित सामान का ही उपयोग करें। इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है और लोग खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर सतर्क हो गए हैं।


