उत्तराखंड रोडवेज बस का स्टीयरिंग अचानक हुआ फेल, बाल-बाल बचे 30 से ज्यादा यात्री
चलती बस का स्टीयरिंग फेल होने से हलक में आई यात्रियों की जान, ड्राइवर की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा
रामनगर/नैनीताल। रामनगर से हरिद्वार जो रही रोडवेज बस का स्टीयरिंग अचानक फेल हो गया। चालक ने सतर्कता बरतते हुए बस को समय रहते रोक लिया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
रामनगर काशीपुर रोड पर मंगलवार को एक बड़ा सड़क हादसा होते-होते टल गया। अल्मोड़ा डिपो की रोडवेज बस संख्या UK 07 PA 2800 सुबह करीब 8 बजे सवारियां लेकर रवाना हुई थी। जो दोपहर करीब 1:30 बजे रामनगर डिपो पहुंची। यहां से भी यात्रियों को बैठाकर बस हरिद्वार के लिए निकल गई। बस चालक नंदन सिंह के मुताबिक, हरिद्वार-रामनगर हाईवे 309 पर टांडा के पास बस करीब 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही थी. तभी अचानक स्टीयरिंग का संचालन फ्री हो गया। जिससे बस अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतरने लगी। ऐसे में मौके पर अफरा-तफरी मच गई। वहीं, स्थिति को भांपते हुए चालक ने तुरंत ब्रेक लगाकर बस को सड़क किनारे रोक दिया। चालक ने बताया कि उस समय बस का स्टीयरिंग पूरी तरह काम करना बंद कर चुका था। बस में 30 से ज्यादा यात्री सवार थे, जिनमें ज्यादातर हरिद्वार और काशीपुर जाने वाले थे।

अचानक बस रुकने से यात्रियों में हड़कंप मच गया और सभी लोग घबराकर बस से नीचे उतर आए. यात्रियों का आरोप है कि अल्मोड़ा से बस रवाना होने से पहले उसकी ठीक से जांच नहीं की गई, जिससे इतनी बड़ी लापरवाही सामने आई। उधर, घटना के बाद रोडवेज प्रशासन हरकत में आया। रामनगर डिपो के एआरएम नवीन आर्य ने बताया कि सभी यात्रियों को दूसरी बस के जरिए सुरक्षित उनके गंतव्य को भेजा गया। साथ ही इस मामले की सूचना अल्मोड़ा डिपो अधिकारियों को दे दी गई है। फिलहाल, चालक की सूझबूझ से एक बड़ा हादसा टल गया, लेकिन इस घटना ने परिवहन विभाग की कार्यप्रणाली और बसों की फिटनेस जांच पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। कहा जा रहा है कि अगर पहाड़ में स्टीयरिंग फेल होता तो बड़ा हादसा हो सकता था।

