आंगनबाड़ी वर्कर्स ने किया एक लाख की योजना का विरोध
चम्पावत। आंगनबाड़ी वर्कर्स ने सरकार की सेवानिवृत्ति के बाद एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता दिए जाने की योजना का विरोध किया है। इसको लेकर उन्होंने जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा है।
आंगनबाड़ी वर्कर्स संगठन की जिलाध्यक्ष मीना बोहरा के नेतृत्व में डीएम मनीष कुमार के माध्यम से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को भेजे गए ज्ञापन में कहा गया है कि सरकार का सेवानिवृत्त होने वाली आंगनबाड़ी वर्कर्स को एक रुपये दिए जाने का फैसला आंगनबाड़ी वर्कर्स के हित में नहीं है। आंनबाड़ी वर्कर्स का मानदेय बहुत कम है। जिसमें पहले से 100 रुपया हर महीने कल्याण कोष के लिए कटता है, लेकिन अब सरकार कह रही है कि हर महीने 300 रुपया कल्याण कोष में कटेगा। वे इस कटौती का विरोध करती हैं।
आंगनबाड़ी वर्कर्स ने कहा कि अगर सरकार सेवानिवृत्ति के बाद 10 लाख रुपया देती है, तो वह हर महीने 300 रुपये देने की सहमति देती हैं। अगर सरकार उनकी मांग पूरी नहीं करती है, तो वह आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगी। ज्ञापन भेजने वालों में बाराकोट ब्लॉक अध्यक्ष अनीता देवी, उपाध्यक्ष हेमा बिष्ट, कोषाध्यक्ष दमयंती वर्मा, ब्लॉक अध्यक्ष लोहाघाट कविता पंत, प्रदेश सदस्य विमला पनेरू, दीपा मेहता, कुसुम अधिकारी, ज्योति मेहता, सरिता देवी, पार्वती देवी, लक्ष्मी देवी, ऊषा देवी, पूजा, नीमा देवी, बबीता देवी, कमला मेहता आदि शामिल रहीं।

