उत्तराखंड : सेना के मेजर की सड़क हादसे में मौत, परिवार में मचा कोहराम
शुभम सैनी साल 2015 में भर्ती हुए थे, 12वीं की परीक्षा पास करने के बाद एनडीए में सेलेक्ट हुए थे
देहरादून। शनिवार को देहरादून के चकराता में हुए सड़क हादसे में सेना के मेजर की मौत हो गई। मेजर की पहचान शुभम सैनी के रूप में हुई है। शुभम सैनी यूपी मेरठ के कंकरखेड़ा थाना क्षेत्र के घसौली गांव के रहने वाले थे।
जानकारी के अनुसार मेजर शुभम सैनी के दो दोस्त देहरादून में परीक्षा देने गए हुए थे। शनिवार सुबह दोस्तों को कार से चकराता के पास एक होटल में छोड़कर शुभम वापस अपनी यूनिट जा रहे थे। इस दौरान रास्ते में शुभम की कार देहरादून-चकराता मार्ग पर अचानक बेकाबू हो गई। जिसके बाद कार सीधे खाई में गिर गई। इस हादसे में मेजर शुभम सैनी घायल हो गये। उन्हें अस्पताल में भर्ती करवाया गया, जहां उनकी दर्दनाक मौत हो गई।

आनन फानन में शुभम सैनी के परिवार को घटना की सूचना दी गई। बेटे की मौत की खबर सुनने के बाद शुभम के परिवार में कोहराम मच गया। उनका परिवार देर रात को ही उत्तराखंड के लिए रवाना हो गया। जानकारी के अनुसार चकराता में मेरठ निवासी मेजर शुभम सैनी के घर 18 फरवरी में उनके बड़े भाई तुषार की शादी होनी है। जिसके लिए वह छुट्टी पर जाने वाले थे। मेजर शुभम सैनी के पिता सत्येंद्र कुमार सैनी आर्मी में सूबेदार पद से रिटायर्ड हैं। शुभम सैनी साल 2015 में भर्ती हुए थे। 12वीं की परीक्षा पास करने के बाद एनडीए में सेलेक्ट हुए। तीन साल पुणे में ट्रेनिंग करने के बाद साल 2019 में एनडीए से पास आउट हुए थे। पास आउट होने के बाद शुभम की पहली पोस्टिंग पंजाब के भटिंडा में थी। देहरादून के चकराता में उनकी दूसरी पोस्टिंग थी।
शुभम सैनी के पिता सत्येंद्र सैनी ने बताया शुभम कमीशन के बाद आर्मी में लेफ्टिनेंट बने थे। इसके बाद शुभम का प्रमोशन हुआ। तब शुभम सेना में मेजर बने। उन्होंने बताया शुभम की अभी शादी नहीं हुई थी। उन्होंने बताया शुभम का बड़ा भाई नोएडा में काम करता है। शुभम सैनी के पिता सत्येंद्र सैनी ने बताया मेजर शुभम सैनी का अंतिम संस्कार उनके पैतृक गांव में ही किया जाएगा।


