टनकपुर

28 एकड़ में खनन को पहुंची पॉकलैंड मशीन और ट्रकों को ग्रामीणों ने खदेड़ा

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टनकपुर। उचौलीगोठ स्थित 28 एकड़ राजस्व क्षेत्र में खनन शुरू किए जाने के प्रयास से ग्रामीणों का आक्रोश बढ़ गया है। शुक्रवार को जैसे ही ठेकेदार पोकलैंड मशीन और ट्रक लेकर खनन क्षेत्र में पहुंचा ग्रामीणों ने पोकलैंड को रोककर प्रदर्शन शुरू कर दिया। नायब तहसीलदार पिंकी आर्या और बूम चौकी इंचार्ज राधिका भंडारी ने ग्रामीणों को समझाने की कोशिश की, लेकिन वे नहीं माने। उन्होंने दो टूक कहा है कि गांवों की सुरक्षा को ताख में रखकर किसी सूरत में खनन नहीं होने दिया जाएगा। ग्रामीणों ने शनिवार को भी खनन क्षेत्र और तहसील में प्रदर्शन करने की बात कहीं है। रिवर ट्रेनिंग नीति के तहत प्रशासन ने उचौलीगोठ 28 हेक्टेयर राजस्व क्षेत्र में खनन का ठेका आवंटित किया है। इसका ग्रामीण शुरू से विरोध कर रहे हैं। शुक्रवार को ठेकेदार पोकलैंड मशीन और ट्रक लेकर पहुंचा तो ग्रामीणों ने मौके पर पहुंच विरोध शुरू कर दिया। गुस्साए ग्रामीण पॉकलैंड के आगे खड़े हो गए। उन्होंने प्रदर्शन कर ट्रकों को वापस भेज दिया। सूचना पर पहुंची नायब तहसीलदार और बूम पुलिस चौकी इंचार्ज ने ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे विरोध में अड़े रहे। ग्रामीणों का कहना था कि खनन से उचौलीगोठ के साथ ही गैंड़ाखाली, थ्वालखेड़ा, खेतखेड़ा आदि गांवों को खतरा पैदा होगा। शासन-प्रशासन की ओर से कटाव रोकने के तो कोई उपाय नहीं किए जा रहे हैं ऊपर से खनन करा कर गांवों के लिए और खतरा बढ़ाया जा रहा है, जिसे वे बर्दाश्त नहीं करेंगे। प्रदर्शन करने वालों में उचौलीगोठ के समाजसेवी गणेश महर, पूर्व सैनिक पुष्कर सिंह, नरेश सकारी, पान सिंह, अमन सिंह, मनोज महर, ईश्वरी देवी, नीला देवी, लक्ष्मी, जानकी, दीपा, त्रिलोक सिंह, प्रदीप महर, संजू महर, सूरज, गोपाल सिंह बिष्ट आदि शामिल रहे।

नवीन सिंह देउपा

नवीन सिंह देउपा सम्पादक चम्पावत खबर प्रधान कार्यालय :- देउपा स्टेट, चम्पावत, उत्तराखंड