चम्पावत: सीएम को ज्ञापन देने के बाद भी कार्रवाई नहीं, जिला पत्रकार संगठन ने दी आंदोलन की चेतावनी
चम्पावत। खटीमा में वरिष्ठ पत्रकार दीपक फुलेरा के खिलाफ दर्ज मुकदमे को लेकर पत्रकारों में रोष बना हुआ है। मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपे जाने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई न होने पर चम्पावत जिला पत्रकार संगठन (CZPA) ने कड़ा रुख अपनाते हुए आंदोलन की चेतावनी दे दी है।
सोमवार को संगठन के पदाधिकारियों ने एक बार फिर जिलाधिकारी के माध्यम से शासन तक अपनी आवाज पहुंचाई। संगठन ने स्पष्ट कहा कि यदि जल्द ही मुकदमा निरस्त कर निष्पक्ष जांच नहीं कराई गई, तो पत्रकार सड़कों पर उतरने को मजबूर होंगे। पत्रकारों का कहना है कि दीपक फुलेरा ने चकरपुर क्षेत्र में गैस आपूर्ति में देरी और उपभोक्ताओं की लंबी कतारों जैसे जनहित के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया था। लेकिन इसी से नाराज होकर एक स्थानीय भाजपा पदाधिकारी की तहरीर पर पुलिस ने बिना प्रारंभिक जांच के ही 27 मार्च 2026 को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 353(1)(B) में मुकदमा दर्ज कर लिया। संगठन ने इसे पत्रकारिता की स्वतंत्रता पर हमला बताते हुए कहा कि यदि सच लिखने पर ही मुकदमे दर्ज होंगे, तो यह लोकतंत्र के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
संगठन ने बताया कि 31 मार्च 2026 को मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा गया था, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है, जिससे पत्रकारों में गहरी नाराजगी है।

पत्रकार संगठन ने चेतावनी दी है कि आंदोलन चरणबद्ध तरीके से शुरू किया जाएगा। पहले चरण में धरना-प्रदर्शन होगा, इसके बाद भी मांगें पूरी न होने पर उग्र आंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। ज्ञापन देने वालों में जिला अध्यक्ष चंद्र बल्लभ ओली, महामंत्री गिरीश सिंह बिष्ट, चंद्रशेखर जोशी, सतीश जोशी, सूरी पंत, पंकज पाठक, सुरेश गडकोटी सहित कई पत्रकार मौजूद रहे।

