हल्द्वानी : अंत्येष्टि से लौट रहे स्कूटी सवार बुजुर्ग की ट्रक की चपेट आने से हुई मौत, डीएम ने दिए जांच के आदेश
हल्द्वानी। ट्रक की चपेट में आने से स्कूटी सवार एक बुजुर्ग की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज, दुर्घटना करने वाले ट्रक को कब्जे में ले लिया है। वहीं हादसे को डीएम ने गंभीरता से लिया है। उन्होंने दुर्घटना की मजिस्ट्रेटी जांच करने के आदेश दिए हैं।
रविवार दोपहर लगभग 12:30 बजे सुरेश चंद्र पांडे (70) रानीबाग से स्कूटी पर किसी की अंत्येष्टि में शामिल होने के बाद शांति नगर स्थित अपने आवास वापस आ रहे थे। इसी दौरान पनचक्की रोड अंबिका विहार के निकट सीवर लाइन डाले जाने के लिए खोदी गई सड़क के पास से गुजर रहे ट्रक से पास लेने के दौरान वह ट्रक की चपेट में आ गए, जिससे मौके पर ही उनकी दर्दनाक मौत हो गई।
लोगों ने बताया कि मृतक ने हेलमेट पहना था लेकिन वह कुछ काम ना आ सका और छटक कर दूर जा गिरा। स्थानीय पार्षद मुकुल बल्यूटिया ने घटना पर दुख जताते हुए यूएसडीडीए को घटना की लिए जिम्मेदार ठहराया है। पार्षद ने बताया कि पिछले दो माह से सड़क पर जगह-जगह सीवर लाइन डाले जाने के लिए बड़े-बड़े गड्ढे खोद दिए गए हैं।
बताया कि पहले भी कई बार सूचित किए जाने के बाद भी इन गड्ढों को बंद नहीं किया जा रहा है। आज इन्हीं गड्ढों के कारण एक बुजुर्ग की जान चली गई। मौके पर पहुंचे विधायक सुमित हृदयेश ने भी मौके से ही शहर में जगह को दी गई सड़कों को इसका जिम्मेदार बताया है।लोगों ने बताया कि पिछले काफी समय से सड़क पर कई जगह सीवर लाइन के काम के लिए बड़े-बड़े गड्ढे खोद दिए गए हैं। जिसके कारण लोगों को काफी परेशानी हो रही है। आज की यह घटना भी इन गड्ढों के कारण हुई है। घटना से स्थानीय लोगों में काफी आक्रोश है। मौके पर पहुंचे विधायक सुमित हृदयेश ने भी फोन पर यूएसडीडीए के प्रोजेक्ट मैनेजर से बात कर रोष जताया है। मृतक सुरेश चंद्र पांडे रिटायर्ड कर्मी थे। उनकी दो बेटियां हैं जिनका विवाह हो चुका है। शांति नगर में वह अपनी पत्नी लता पांडे के साथ रहते थे।
वहीं सड़क हादसे में बुजुर्ग की मौत के बाद जिला प्रशासन हरकत में आ गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश दे दिए हैं। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि हादसे के कारणों, निर्माण कार्य में बरती गई लापरवाही और जिम्मेदार अधिकारियों/संस्थाओं की भूमिका की गहन जांच की जाएगी। पूरे प्रकरण की जांच सिटी मजिस्ट्रेट एपी बाजपेई को सौंपी गई है। उन्हें निर्देश दिए गए हैं कि निर्धारित समय सीमा में विस्तृत जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करें। प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि यदि जांच में किसी भी स्तर पर लापरवाही पाई जाती है तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद शहर में चल रहे निर्माण कार्यों की निगरानी और सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर भी प्रशासन सतर्क नजर आ रहा है।


