चंपावतजनपद चम्पावतधर्मनवीनतम

जयपुर में तरासी जा रही हैं बाराकोट के प्रसिद्ध लड़ीधूरा मंदिर के लिए मां दुर्गा एवं मां काली की मूर्तियां

Ad
ख़बर शेयर करें -

चम्पावत। बाराकोट में 2021 से क्षेत्रीय जन सहयोग से बन रहे लड़ीधूरा मंदिर के लिए मूर्तियां जयपुर में तरासी जा रही हैं। मालूम हो कि नवनिर्मित लड़ीधूरा मंदिर में 23 जनवरी 2026 को बसंत पंचमी पर्व के उपलक्ष में मां भगवती को उनके मूल स्थान पर स्थापित किया जाना है। लड़ीधूरा शैक्षिक एवं सांस्कृतिक मंच के अध्यक्ष नागेंद्र जोशी ने बताया कि नवनिर्मित मंदिरों के लिए मां भगवती दुर्गा एवं मां काली की मूर्तियों को जयपुर में तरासा जा रहा है। जयपुर के प्रसिद्ध कारीगर छेनी और हथौड़े से अपने पारंपरिक पुश्तैनी हुनर को मकराना मार्बल पर मूर्ति रूप दे रहे हैं। यह कारीगर भारत के कई प्रसिद्ध मंदिरों के लिए मूर्तियां तरास चुके हैं। उन्होंने बताया की मूर्तियां रविवार को लड़ीधूरा पहुंच जाएंगी। इन मूर्तियों को 23 जनवरी 2026 को प्राण प्रतिष्ठा के बाद भक्तगणों के दर्शन के लिए खोल दिया जाएगा। मूर्तियों के लिए दयाल सिंह अधिकारी पुत्र भोपाल सिंह अधिकारी, निवासी ग्राम सभा बाराकोट एवं मदन मोहन जोशी पुत्र स्वर्गीय तुलाराम जोशी,निवासी ग्राम सभा पम्दा एक-एक लाख (₹100000) का आर्थिक सहयोग कर रहे हैं। नागेंद्र जोशी ने इस उपलक्ष में समस्त क्षेत्र वासियों से मंदिर में आयोजित होने वाले भंडारे का पवित्र प्रसाद ग्रहण कर मां भगवती एवं मां काली का आशीर्वाद प्राप्त करने का आहृवान किया है।