चम्पावत की बेटी कुसुम फर्त्याल ने देश भर में लहराया परचम
यूजीसी नेट-जेआरएफ परीक्षा में हासिल की अखिल भारतीय 5वीं रैंक
जिलाधिकारी मनीष कुमार ने कुसुम को सम्मानित कर उज्ज्वल भविष्य की दी शुभकामनाएं
चम्पावत। जनपद चम्पावत के बाराकोट विकासखंड के बंतोली गांव की होनहार छात्रा कुसुम फर्त्याल ने राष्ट्रीय स्तर की यूजीसी नेट (UGC NET) जूनियर रिसर्च फैलोशिप (JRF) परीक्षा में ऐतिहासिक सफलता प्राप्त कर जनपद व प्रदेश का नाम रोशन किया है। कुसुम ने इस प्रतिष्ठित परीक्षा में 99.98 परसेंटाइल के साथ अखिल भारतीय स्तर पर 5वीं रैंक प्राप्त की है, जो उनकी असाधारण प्रतिभा और कठिन परिश्रम का प्रतिफल है।

इस गौरवपूर्ण उपलब्धि पर गुरुवार को जिलाधिकारी मनीष कुमार ने कुसुम फर्त्याल को जिला कार्यालय में सम्मानित किया। जिलाधिकारी ने कुसुम की मेहनत और अटूट लगन की मुक्तकंठ से सराहना करते हुए कहा कि उनकी यह सफलता जनपद के अन्य छात्र-छात्राओं के लिए एक महान प्रेरणा बनेगी। उन्होंने कुसुम को स्मृति चिन्ह भेंट कर उनके उज्ज्वल और स्वर्णिम भविष्य के लिए ढेरों शुभकामनाएं दीं।
अपनी सफलता की यात्रा साझा करते हुए कुसुम फर्त्याल ने बताया कि उनकी प्रारंभिक शिक्षा चम्पावत के लोहाघाट के राजकीय प्राथमिक विद्यालय बंतोली से हुई, जिसके पश्चात उन्होंने राजकीय इंटर कॉलेज बापरू से इंटरमीडिएट की परीक्षा उत्तीर्ण की। उन्होंने अपनी उच्च शिक्षा स्वामी विवेकानंद स्नातकोत्तर महाविद्यालय लोहाघाट से पूरी की है। अपनी भविष्य की योजनाओं के बारे में जानकारी देते हुए कुसुम ने बताया कि वे अब रसायन विज्ञान (Chemistry) विषय में पीएचडी (Ph.D) कर शोध के क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहती हैं।
कुसुम की इस उपलब्धि से पूरे क्षेत्र में हर्ष का माहौल है और लोग इसे ग्रामीण परिवेश की प्रतिभाओं के राष्ट्रीय पटल पर उभरने का एक सशक्त उदाहरण मान रहे हैं। इस सम्मान कार्यक्रम के दौरान कुसुम के पिता और बंतोली के पूर्व ग्राम प्रधान भवान सिंह फर्त्याल तथा नवीन पंत भी उपस्थित रहे।

