चम्पावत: गोल्ज्यू महोत्सव से गुलजार हुआ ऐतिहासिक गोरलचौड़ मैदान, उमड़ी भारी भीड़


चम्पावत। सीमांत जनपद चम्पावत का ऐतिहासिक गोरलचौड़ मैदान इन दिनों गोल्ज्यू महोत्सव की चमक से सराबोर है। मेले के आगाज के साथ ही यहां रौनक अपने चरम पर है। दूर-दराज के क्षेत्रों से पहुंच रहे लोगों की भारी भीड़ के कारण पूरा मेला क्षेत्र उत्सव के रंग में रंगा नजर आ रहा है।
मेले में बच्चों के लिए लगाए गए विभिन्न खेल-तमाशे और झूले मुख्य आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। केवल स्थानीय ही नहीं, बल्कि लोहाघाट, खेतीखान, तल्लादेश जैसे दूर दराज के क्षेत्रों से भी लोग सपरिवार मनोरंजन और खरीदारी के लिए यहां पहुंच रहे हैं। इस बार महोत्सव में देश के विभिन्न राज्यों के व्यापारियों ने अपने स्टॉल लगाए हैं, जिनमें लोग जमकर खरीददारी कर रहे हैं।
हिमाचल प्रदेश से आए व्यापारियों द्वारा तैयार ‘सीटू चावल’ का व्यंजन लोगों की पहली पसंद बना हुआ है। उत्तर प्रदेश के भदोही से आई प्रसिद्ध कालीन अपनी गुणवत्ता के लिए मेले की खास पहचान बनी हुई है। स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार कलात्मक वस्तुओं और हस्तशिल्प उत्पादों को भी खरीदार काफी पसंद कर रहे हैं। उपभोक्ताओं की भारी आमद से व्यापारियों के चेहरे खिले हुए हैं और कारोबार में अच्छी बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। मेले की व्यवस्थाओं को सुचारू रखने के लिए नगर पालिका के ईओ भरत त्रिपाठी व्यापारियों और आयोजकों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर रहे हैं, ताकि आने वाले लोगों को किसी असुविधा का सामना न करना पड़े। कुल मिलाकर, गोलज्यू महोत्सव न केवल संस्कृति और मनोरंजन का केंद्र बना है, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी नई गति दे रहा है।

