चंपावतजनपद चम्पावतनवीनतमशिक्षा

चम्पावत : विद्यावाहिनी से आसान हुई बच्चों की राह, ढाई घंटे का पैदल सफर अब आधे घंटे में

ख़बर शेयर करें -

चम्पावत। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के ‘आदर्श चम्पावत’ विजन के तहत संचालित विद्यावाहिनी कार्यक्रम दूरस्थ क्षेत्रों के विद्यार्थियों के लिए शिक्षा की राह आसान बना रहा है। जुलाई माह से बुड़म से तलियाबांज क्षेत्र के विद्यार्थियों के लिए वाहन सुविधा शुरू होने के बाद बच्चों को लंबी दूरी पैदल तय करने से राहत मिली है।

इसी क्रम में मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय के नोडल अधिकारी केदार सिंह बृजवाल ने रास्ते में विद्यालय जाते हुए बच्चों से मुलाकात की। उन्होंने बच्चों का हालचाल जाना और उनकी पढ़ाई के बारे में जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित रूप से विद्यालय जाने और मन लगाकर पढ़ाई करने के लिए प्रेरित किया।

Ad Ad

बच्चों ने बताया कि पहले उन्हें पैदल विद्यालय पहुंचने में ढाई से तीन घंटे तक का समय लग जाता था। विद्यावाहिनी की सुविधा शुरू होने के बाद अब वे करीब आधे घंटे में विद्यालय पहुंच रहे हैं। इससे बच्चों के समय और ऊर्जा की बचत हो रही है और उनका विद्यालय तक पहुंचना भी पहले के मुकाबले आसान और सुरक्षित हुआ है।

विद्यार्थियों ने इस सुविधा के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार जताया। बच्चों का कहना है कि वाहन सुविधा मिलने से अब लंबा पैदल सफर करने की परेशानी कम हुई है और पढ़ाई के लिए अधिक समय मिल रहा है।

प्रशासन के अनुसार, विद्यावाहिनी का उद्देश्य दूरस्थ एवं दुर्गम क्षेत्रों में रहने वाले विद्यार्थियों को सुरक्षित और सुगम परिवहन सुविधा उपलब्ध कराकर उन्हें नियमित रूप से विद्यालय तक पहुंचाना है। ढाई से तीन घंटे के पैदल सफर को आधे घंटे में समेटने वाली यह पहल दूरस्थ क्षेत्रों के बच्चों के लिए शिक्षा तक पहुंच को आसान बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।