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बनबसा में मुख्यमंत्री धामी ने हजारों लोगों संग किया योगाभ्यास, बोले- योग को बनाएं जीवन का हिस्सा

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बनबसा/चम्पावत। 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami ने बनबसा में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में सशस्त्र सेना के जवानों, योग साधकों, छात्र-छात्राओं, युवाओं, मातृशक्ति और वरिष्ठ नागरिकों के साथ सामूहिक योगाभ्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेशवासियों को योग दिवस की शुभकामनाएं देते हुए योग को स्वस्थ, संतुलित और सफल जीवन का आधार बताया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मां शारदा की पावन भूमि पर क्षेत्रवासियों के साथ योगाभ्यास करने का अवसर उनके लिए गर्व और प्रसन्नता का विषय है। उन्होंने कहा कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि मन, शरीर और आत्मा के बीच सामंजस्य स्थापित करने वाली जीवन पद्धति है, जो व्यक्ति को सकारात्मक और संतुलित जीवन की ओर अग्रसर करती है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में तनाव, अवसाद और अस्वस्थ जीवनशैली से उत्पन्न चुनौतियों के बीच योग एक प्रभावी प्राकृतिक उपचार प्रणाली के रूप में उभरा है। नियमित योग और प्राणायाम से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, मानसिक एकाग्रता मजबूत होती है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।

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मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के प्रयासों से अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को वैश्विक पहचान मिली है और आज 190 से अधिक देशों में करोड़ों लोग योग से जुड़ चुके हैं। योग ने भारतीय संस्कृति के “वसुधैव कुटुम्बकम्” और “सर्वे भवन्तु सुखिनः” जैसे संदेशों को विश्वभर में पहुंचाने का कार्य किया है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड योग, अध्यात्म और साधना की प्राचीन परंपराओं की भूमि है तथा राज्य सरकार उत्तराखंड को योग एवं वेलनेस की वैश्विक राजधानी बनाने के संकल्प के साथ कार्य कर रही है। इसके लिए राज्य में देश की पहली योग नीति लागू की गई है, जिसके तहत योग एवं ध्यान केंद्रों की स्थापना के लिए अधिकतम 20 लाख रुपये तक की सब्सिडी और शोध कार्यों के लिए 10 लाख रुपये तक के अनुदान का प्रावधान किया गया है। साथ ही प्रदेश में पांच नए योग हब विकसित किए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बनबसा में योग दिवस कार्यक्रम का उद्देश्य शारदा नदी तट को योग और आध्यात्मिक साधना के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करना है। उन्होंने बताया कि लगभग 3300 करोड़ रुपये की लागत से प्रस्तावित शारदा कॉरिडोर परियोजना के तहत टनकपुर से बनबसा तक शारदा रिवर फ्रंट सहित विभिन्न धार्मिक और पर्यटन स्थलों का विकास किया जा रहा है। प्रथम चरण में 179 करोड़ रुपये की लागत से शारदा घाट के पुनर्विकास कार्य शुरू किए जा चुके हैं।

युवाओं को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि योग को केवल एक दिवस तक सीमित न रखें, बल्कि इसे अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं। उन्होंने युवाओं से नशे जैसी बुराइयों से दूर रहकर स्वस्थ, अनुशासित और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने सशस्त्र सेना के जवानों के साथ “एक वृक्ष योग के नाम” अभियान के अंतर्गत बनबसा मिनी स्टेडियम परिसर में आम का पौधा रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री भरत चौधरी, जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह अधिकारी, कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत, आयुष सचिव रंजना राजगुरु, आईजी कुमाऊं निवेदिता कुकरेती, जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक रेखा यादव, जिलाधिकारी उधमसिंह नगर नितिन सिंह भदौरिया, पुलिस अधीक्षक उधमसिंह नगर अजय गणपति, मुख्य विकास अधिकारी डॉ जीएस खाती अन्य जनप्रतिनिधिगण एवं अधिकारी मौजूद रहे।