देहरादून–मसूरी मार्ग पर बड़ा भूस्खलन, सड़क धंसी; प्रशासन ने अगले आदेश तक यातायात किया बंद
उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश के बीच देहरादून–मसूरी मुख्य मार्ग पर बड़ा हादसा टल गया। मसूरी के संवेदनशील पानी वाले बैंड के पास भारी भूस्खलन से सड़क का बड़ा हिस्सा धंस गया, जिसके बाद प्रशासन ने सुरक्षा के मद्देनजर मार्ग को तत्काल प्रभाव से बंद कर दिया है। फिलहाल सभी प्रकार के वाहनों की आवाजाही अगले आदेश तक प्रतिबंधित रहेगी।
देहरादून। प्रदेश में जारी भारी बारिश के बीच सोमवार को देहरादून–मसूरी मार्ग पर बड़ा भूस्खलन होने से सड़क का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। घटना मसूरी के संवेदनशील पानी वाले बैंड क्षेत्र में हुई, जहां सड़क धंसने के बाद दुर्घटना की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने पूरे मार्ग पर यातायात तत्काल प्रभाव से बंद कर दिया।

उप जिलाधिकारी, मसूरी की ओर से जारी आदेश के अनुसार, अगले आदेश तक इस मार्ग पर सभी प्रकार के वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी। प्रशासन ने संबंधित विभागों को मौके पर लगातार निगरानी रखने, सुरक्षा इंतजाम मजबूत करने और सड़क की मरम्मत का कार्य प्राथमिकता के आधार पर शुरू करने के निर्देश दिए हैं।
बताया जा रहा है कि लगातार बारिश के कारण सड़क के नीचे की जमीन खिसकने से सड़क का बड़ा हिस्सा धंस गया। हालात को देखते हुए पहले कुछ समय के लिए छोटे वाहनों को वन-वे व्यवस्था से निकालने का प्रयास किया गया, लेकिन स्थिति बिगड़ने पर मार्ग को पूरी तरह बंद करना पड़ा। इससे स्थानीय लोगों के साथ-साथ मसूरी पहुंचने वाले पर्यटकों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर उठे सवाल
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने वर्ष 2025 की आपदा के बाद पानी वाले बैंड क्षेत्र में कराए गए सुरक्षा कार्यों की गुणवत्ता पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि लाखों रुपये खर्च कर सड़क और पुश्ते को मजबूत किया गया था, लेकिन पहली ही तेज बारिश में सड़क का बड़ा हिस्सा धंस जाना गंभीर लापरवाही की ओर इशारा करता है। क्षेत्रवासियों ने पूरे निर्माण कार्य की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
पालिका अध्यक्ष ने किया निरीक्षण
घटना की सूचना मिलते ही नगर पालिका परिषद मसूरी की अध्यक्ष मीरा सकलानी मौके पर पहुंचीं और अधिकारियों से राहत एवं सुरक्षा कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने सड़क की शीघ्र मरम्मत और सुरक्षा उपायों को प्राथमिकता देने के निर्देश देते हुए कहा कि मानसून के दौरान सभी संवेदनशील क्षेत्रों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
राजनीतिक बयानबाजी भी तेज
पूर्व विधायक जोत सिंह गुनसोला ने लोक निर्माण विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए निर्माण कार्यों में गुणवत्ता के बजाय भ्रष्टाचार को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि यदि सरकार भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है तो इस मामले की उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए।
पीडब्ल्यूडी ने दी सफाई
वहीं, लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता राजेश कुमार ने बताया कि जो पुश्ता क्षतिग्रस्त हुआ है, वह हाल में नहीं बल्कि करीब दो से ढाई वर्ष पुराना है। उनके अनुसार, पुश्ते के नीचे का हिस्सा खिसकने के कारण सड़क को नुकसान पहुंचा है। उन्होंने बताया कि पहाड़ की कटिंग कर वैकल्पिक रास्ता तैयार करने का कार्य जारी है। यदि मौसम अनुकूल रहा तो अगले चार से पांच घंटे में छोटे वाहनों के लिए मार्ग आंशिक रूप से खोलने का प्रयास किया जाएगा।
मौसम विभाग की अपील
मौसम विभाग ने प्रदेश में आगामी दिनों में भी भारी बारिश की संभावना जताई है। प्रशासन ने स्थानीय लोगों और पर्यटकों से अपील की है कि वे अनावश्यक यात्रा से बचें तथा मार्ग से संबंधित केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें। फिलहाल देहरादून–मसूरी मार्ग को सुरक्षित बनाने और यातायात बहाल करने का कार्य मौसम की स्थिति पर निर्भर रहेगा।


