बेटी के जन्मदिन पर घर लौट रहे पिता की सड़क हादसे में गई जिंदगी, परिजनों में पसरा मातम
हल्द्वानी। बेटी के जन्मदिन वाले दिन एक पिता की सड़क हादसे में जिंदगी चली गई। घटना के बाद से मृतक के परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है वहीं बेटी की जन्मदिन की खुशियां मातम में तब्दील हो गई।
जानकारी के अनुसार मूल रूप से अल्मोड़ा जिले के रहने वाले 57 वर्षीय उपेंद्र सिंह नेगी हल्द्वानी में शिक्षा विभाग के चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी के पद पर तैनात थे। उपेंद्र सिंह नेगी अपनी पत्नी दीपा नेगी व बेटे के साथ सुभाष नगर भोटिया पड़ाव में रहते थे। उपेंद्र हल्द्वानी उप शिक्षा कार्यालय धौलाखेड़ा में तैनात थे, जिनकी बेटी का बीते दिन जन्मदिन था। बेटी के जन्मदिन पर उपेंद्र समोसा और मिठाई और नाती नातिन के लिए चिप्स लेकर घर लौट रहे थे। इस दौरान जैसे ही वह MBPG कॉलेज के पास सड़क को पार करने लगे तो तभी बोलेरो की चपेट में आने से उनकी मौत हो गई। बताया जा रहा है उनकी बेटी निधि इन दिनों अपने पति और बच्चों के साथ छुट्टियां मनाने के लिए मायके आई थी। लेकिन निधि इस बात से अनजान थी कि उसके जन्मदिन वाले दिन ही उसके पिता की सड़क हादसे में जिंदगी चली जाएगी। निधि के परिजन निधि का जन्मदिन मनाने के बजाय उपेंद्र को रात भर खोजते रहे। हालांकि देर रात उपेंद्र के बेटे ने मोर्चरी पहुंचकर अपने पिता के शव की शिनाख्त की। उपेंद्र वर्ष 2029 में रिटायर्ड होने वाले थे, जिनका बेटा निजी संस्थान में योग शिक्षक है।
परिजनों की मानें तो 14 जून को उपेंद्र पूरे परिवार के साथ पूर्णागिरि माता के दर्शन कर घर लौटे थे। इसके बाद वह सोमवार को अपनी बेटी दामाद उनके बच्चों के साथ कैंची धाम के दर्शन करने के लिए गए थे। इसके बाद वह ड्यूटी पर पहुंचे थे। ड्यूटी के बाद घर लौटते समय वह स्टाफ के साथ लिफ्ट लेकर मुखानी पहुंचे और वहां से ऑटो से MBPG तक पहुंचने पर सड़क पार करते समय हादसे का शिकार हो गए। बताया जा रहा है आज 17 जून को उपेंद्र अपने बेटे के लिए रुद्रपुर में रिश्ता देखने भी जाने वाले थे, लेकिन इस हादसे ने उनकी ज़िंदगी हमेशा के लिए छीन ली।

